मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का प्रस्तावित बीकानेर दौरा स्थगित हो गया। मुख्यमंत्री कार्यालय से अधिकृत कार्यक्रम जारी नहीं होने के बावजूद जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधि पिछले दो दिनों से तैयारियों में जुटे हुए थे। दौरे को लेकर पूरे क्षेत्र में व्यापक स्तर पर व्यवस्थाएं की गई थीं। अब मुख्यमंत्री का श्रीडूंगरगढ़ के बिग्गा में ही आने का कार्यक्रम है। उम्मीद की जा रही है कि मुख्यमंत्री 7 मई को बिग्गा के कार्यक्रम में शामिल होंगे। आड़सर गांव में प्रस्तावित था ‘ग्रामीण रथ’ कार्यक्रम मुख्यमंत्री का श्रीडूंगरगढ़ के आड़सर गांव में “ग्रामीण रथ- समृद्ध किसान, खुशहाल राजस्थान” कार्यक्रम में शामिल होने और रात्रि विश्राम करने का प्रस्ताव था। इसे लेकर प्रशासन ने हेलिपैड, मंच, सुरक्षा व्यवस्था सहित सभी जरूरी इंतजाम लगभग पूरे कर लिए थे। गांव को विशेष रूप से सजाया और तैयार किया गया था। दो दिन से श्रीडूंगरगढ़ में डटे थे पदाधिकारी कार्यक्रम को लेकर भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारी भी लगातार सक्रिय रहे। भाजपा देहात अध्यक्ष श्याम पंचारिया समेत पूरी टीम दो दिन से श्रीडूंगरगढ़ में डेरा डाले हुए थी। यह पूरा दौरा स्थानीय विधायक ताराचंद सारस्वत के नेतृत्व में प्रस्तावित था और वे लगातार समन्वय में लगे हुए थे। उच्च स्तरीय निरीक्षण भी हुआ था पूरा कार्यक्रम से पहले कलेक्टर निशान्त जैन, एसपी मृदुल कच्छावा, राज्य मंत्री रामगोपाल सुथार सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने स्थल का निरीक्षण कर तैयारियों की समीक्षा भी की थी। सुरक्षा से लेकर मंच व्यवस्था तक सभी पहलुओं पर बारीकी से काम किया गया था। हालांकि, अंत समय में मुख्यमंत्री का दौरा स्थगित कर दिया गया। इसके पीछे कोई आधिकारिक कारण सामने नहीं आया है, लेकिन राजनीतिक और प्रशासनिक व्यस्तताओं को इसकी संभावित वजह माना जा रहा है। पहली बार गांव में रात्रि विश्राम की थी योजना यह दौरा इसलिए भी खास माना जा रहा था क्योंकि मुख्यमंत्री पहली बार किसी गांव में रात्रि विश्राम करने वाले थे। इसके लिए आड़सर गांव में विशेष व्यवस्थाएं की गई थीं और इसे एक बड़े ग्रामीण कार्यक्रम के रूप में देखा जा रहा था। बारिश ने भी बढ़ाई मुश्किलें उधर, देर शाम हुई बारिश ने भी कार्यक्रम की तैयारियों पर असर डाला। आड़सर गांव में सभा स्थल और आसपास का क्षेत्र पानी से भर गया, जबकि आसपास के गांवों में अपेक्षाकृत कम बारिश दर्ज की गई, जिससे व्यवस्थाएं और चुनौतीपूर्ण हो गईं।
