Skip to content
Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • https://www.facebook.com/
  • https://twitter.com/
  • https://t.me/
  • https://www.instagram.com/
  • https://youtube.com/
Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • https://www.facebook.com/
  • https://twitter.com/
  • https://t.me/
  • https://www.instagram.com/
  • https://youtube.com/
Uncategorized

H-1B वीजा पर भारतीय प्रोफेशनल्स के लिए नया संकट:नौकरी गई तो 60 दिन की मोहलत भी खत्म हो सकती है, अमेरिका छोड़ना पड़ेगा

By poltix_INS_admin
September 3, 2026 3 Min Read
0

अमेरिका में भारतीय प्रोफेशनल्स की लाइफलाइन माने जाने वाले H-1B वीजा पर नया संकट मंडरा रहा है। अमेरिका में चल रही छंटनी के बीच इस साल की पहली छमाही में करीब 10 हजार भारतीय प्रोफेशनल्स को नौकरी जाने के बाद अमेरिका छोड़कर भारत लौटना पड़ा। इन्हें 60 दिन के ग्रेस पीरियड में नई नौकरी नहीं मिल पाई। अमेरिकी सिटिजनशिप एंड इमिग्रेशन सर्विसेस (USCIS) के इस साल की पहली छमाही के आंकड़ों से यह जानकारी सामने आई है। इसकी तुलना में पूरे 2025 में करीब 5,100 भारतीय प्रोफेशनल्स को अमेरिका छोड़ना पड़ा था। यानी इस साल सिर्फ छह महीने में यह संख्या पिछले पूरे साल के मुकाबले लगभग दोगुनी हो गई। नौकरी जाने पर अभी 60 दिन का समय H-1B वीजा पर काम कर रहे किसी प्रोफेशनल की नौकरी चली जाती है तो मौजूदा नियमों के तहत उसे अधिकतम 60 दिन का ग्रेस पीरियड मिलता है। इस दौरान वह नया एम्प्लॉयर तलाश सकता है और अपना H-1B स्टेटस बनाए रखने की कोशिश कर सकता है। अगर इस अवधि में नई नौकरी नहीं मिलती तो उसे अमेरिका में रहने का वैध आधार खत्म होने से पहले देश छोड़ना पड़ सकता है। तय अवधि खत्म होने के बाद भी अमेरिका में रुके रहना ओवरस्टे माना जा सकता है। ऐसे मामले में इमिग्रेशन अधिकारियों की कार्रवाई हो सकती है। इसमें रिमूवल प्रोसीडिंग्स यानी देश से निकाले जाने की कार्रवाई और कुछ परिस्थितियों में अमेरिका में दोबारा प्रवेश पर रोक भी शामिल हो सकती है। ट्रम्प 60 दिन की मोहलत खत्म करने पर अड़े राष्ट्रपति ट्रम्प H-1B वीजा को लेकर सख्त रुख अपना रहे हैं। अब 60 दिन के ग्रेस पीरियड को खत्म करने की कोशिश भी इसी नीति का हिस्सा बताई जा रही है। ट्रम्प प्रशासन की ओर से इस प्रावधान को खत्म करने वाले बिल को मंजूरी दी गई है। अगर यह कानून बनता है तो H-1B धारकों के लिए नौकरी जाने के बाद नई नौकरी तलाशने की मौजूदा 60 दिन की सुविधा खत्म हो सकती है। बिल पर आगे क्या होगा? बिल को अमेरिकी कांग्रेस में रखा जाएगा। वहां इसे पास कराने की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। रिपब्लिकन पार्टी के पास कांग्रेस में बहुमत है, लेकिन बिल को लेकर पार्टी के भीतर अलग-अलग राय हो सकती है। ट्रम्प के कट्टर समर्थक H-1B व्यवस्था को और सख्त करने और प्रवासियों की संख्या कम करने की मांग करते रहे हैं। बिल पास होने के बाद ही यह साफ होगा कि मौजूदा 60 दिन की व्यवस्था पूरी तरह खत्म होगी या इसमें कोई बदलाव किया जाएगा। कोर्ट में चुनौती संभव अगर ग्रेस पीरियड खत्म करने वाला कानून या उससे जुड़ा सरकारी आदेश लागू होता है तो उसे अदालत में चुनौती दी जा सकती है। ट्रम्प प्रशासन के इमिग्रेशन से जुड़े कई फैसले पहले भी अदालतों तक पहुंचे हैं। जन्मजात नागरिकता समेत कुछ आदेशों को लेकर सरकार को कानूनी चुनौती का सामना करना पड़ा है। हालांकि H-1B के 60 दिन वाले प्रावधान को खत्म करने वाले किसी नए कानून को अदालत किस आधार पर और किस हद तक रोक सकती है, यह उसके अंतिम स्वरूप और कानूनी प्रावधानों पर निर्भर करेगा। कनाडा-जर्मनी जैसे देशों का रुख कर रहे भारतीय H-1B को लेकर बढ़ती सख्ती के बीच भारतीय प्रोफेशनल्स दूसरे देशों के विकल्प भी तलाश रहे हैं। कनाडा, जर्मनी और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में प्रोफेशनल्स के लिए अलग-अलग वीजा और इमिग्रेशन प्रोग्राम मौजूद हैं। अगर अमेरिका में नौकरी जाने के बाद H-1B धारकों के रुकने की मौजूदा सुविधा खत्म होती है, तो इन देशों का आकर्षण भारतीय टेक प्रोफेशनल्स और दूसरे हाई-स्किल्ड वर्कर्स के लिए बढ़ सकता है। इसका असर सिर्फ उन लोगों पर नहीं पड़ेगा, जो अभी अमेरिका में काम कर रहे हैं। अमेरिका में नौकरी करने की तैयारी कर रहे हजारों भारतीय प्रोफेशनल्स को भी अपना करियर प्लान बदलना पड़ सकता है। ————————– अमेरिका में 2 लाख विदेशियों के वीजा रद्द होंगे: इतिहास में पहली बार एक साथ इतने वीजा कैंसिल होंगे अमेरिकी सरकार 2 लाख विदेशी नागरिकों के बिजनेस (B1) और टूरिस्ट वीजा (B2) रद्द करने की तैयारी कर रही है। पूरी खबर पढ़ें…

Author

poltix_INS_admin

Follow Me
Other Articles
Previous

सुप्रीम कोर्ट बोला- लॉ स्टूडेंट्स पर कार्रवाई यूनिवर्सिटी का अधिकार:जब तक वकील नहीं बनते, बार काउंसिल छात्रों पर एक्शन नहीं ले सकती

Next

अमेरिका में $1 के सिक्के पर ट्रम्प की तस्वीर:250वीं वर्षगांठ पर जारी हुआ, बिक्री शुरू होने के कुछ घंटे बाद आउट ऑफ स्टॉक

No Comment! Be the first one.

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हाल की खबरें

  • SIR में छूटे और नए मतदाताओं के नाम जोड़े जाएंगे:चुनाव आयोग 20 राज्यों में विशेष अभियान चलाएगा; महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा 2 करोड़ नाम कटे हैं
  • ओवैसी बोले- SIR एक तरह से बैकडोर NRC है:सरकार नागरिकता की जांच में यही प्रोसेस अपनाएगी
  • महाराष्ट्र के अमरावती में ट्रक-पिकअप वैन की टक्कर, 7 मौतें:18 घायल; समृद्धि हाईवे पर हादसा, देवी दुर्गा की प्रतिमा लेकर जा रहे थे लोग
  • महाराष्ट्र के अमरावती में ट्रक-पिकअप वैन की टक्कर, 7 मौतें:18 घायल; समृद्धि हाईवे पर हादसा, देवी दुर्गा की प्रतिमा लेकर जा रहे थे लोग
  • महात्मा गांधी की 157वीं जयंती आज:पीएम मोदी श्रद्धांजलि देने राजघाट जाएंगे; पिछली बार राहुल नहीं पहुंचे थे

हाल की टिप्पणियाँ

No comments to show.

समाचार संग्रह

  • October 2026
  • September 2026
  • August 2026
  • July 2026

श्रेणियाँ

  • Uncategorized
  • खेल

Contact Us:

Address:
267/463 SEC-26, PRATAP NAGAR,
SANGANER, JAIPUR,
RAJASTHAN - 302033

Phone: +91 99296 80280
Email: info@poltixinsight.com

About US:

Poltix Insight is an independent digital news platform delivering accurate, unbiased coverage of Indian politics, governance, elections, economy, and current affairs with reliable reporting and in-depth analysis.

Copyright 2026 — Poltix Insight. All rights reserved. Blogsy WordPress Theme