Skip to content
Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • https://www.facebook.com/
  • https://twitter.com/
  • https://t.me/
  • https://www.instagram.com/
  • https://youtube.com/
Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

Poltix Insight Poltix Insight Poltix Insight

तथ्य, विश्लेषण और भरोसा

  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • भारत
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • फाइनेंस
  • खेल
  • विज्ञान-टेक्नोलॉजी
  • सोशल
  • मत एवं विश्लेषण
  • https://www.facebook.com/
  • https://twitter.com/
  • https://t.me/
  • https://www.instagram.com/
  • https://youtube.com/
Uncategorized

‘महिला के घर में घुसना,कपड़े उठाना रेप की कोशिश नहीं’:झारखंड हाईकोर्ट ने आरोपी को दी राहत; कहा- 4 साल नहीं 8 महीने की सजा पर्याप्त

By poltix_INS_admin
September 8, 2026 4 Min Read
0

झारखंड हाईकोर्ट ने दुष्कर्म के प्रयास के करीब 27 साल पुराने मामले में आरोपी की दोष सिद्धि बरकरार रखते हुए सजा में बड़ी राहत दी है। अदालत ने स्पष्ट किया कि रात में महिला के घर में घुसना, उसे पकड़ना, कपड़े उठाना या उसके साथ अशोभनीय हरकत करना गंभीर अपराध है, लेकिन हर ऐसी हरकत को स्वत: दुष्कर्म का प्रयास नहीं माना जा सकता। दुष्कर्म के प्रयास का अपराध तभी बनता है, जब आरोपी की ओर से ऐसा प्रत्यक्ष और निर्णायक कृत्य किया गया हो, जो दुष्कर्म को अंजाम देने की दिशा में स्पष्ट रूप से आगे बढ़ रहा हो। जस्टिस प्रदीप कुमार श्रीवास्तव की अदालत ने घाटशिला से जुड़े कमलेंदु महतो उर्फ खोका की आपराधिक अपील पर सुनवाई करते हुए यह टिप्पणी की। अदालत ने मामले में आईपीसी की धारा 354 के तहत अपराध माना और आरोपी को पहले सुनाई गई 4 साल की सजा के बजाय 8 महीने की सजा को पर्याप्त माना। आरोपी को भागते देखा, घटना किसी ने नहीं देखी हाईकोर्ट ने मामले में पेश किए गए गवाहों के बयानों का भी बारीकी से विश्लेषण किया। पीड़िता के भाई ने अदालत को बताया कि उसे घटना की जानकारी अपनी बहन से मिली थी। वह घटना का प्रत्यक्षदर्शी नहीं था। वहीं पड़ोसी प्रफुल्लो कुमार सिंह, परी सिंह, बुधी सिंह, अनंतो सिंह समेत अन्य गवाहों ने पीड़िता की आवाज और शोर सुनने तथा आरोपी को उसके घर से भागते देखने की बात कही। किसी भी अन्य गवाह ने घटना को अपनी आंखों से नहीं देखा था। अदालत ने इन्हीं परिस्थितियों को देखते हुए माना कि आरोपी ने महिला की लज्जा भंग करने के इरादे से उस पर हमला किया था। इसलिए उसके खिलाफ आईपीसी की धारा 354 के तहत अपराध बनता है। हालांकि उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दुष्कर्म के प्रयास की धारा को उसी रूप में कायम रखना उचित नहीं माना गया। आधी रात को घर में घुसा था आरोपी, शोर मचाने पर भागा मामला 27 दिसंबर 1999 की आधी रात का है। पीड़िता अपने घर में सो रही थी, जबकि उसकी मां बगल के कमरे में थीं। घर में उस समय कोई पुरुष सदस्य मौजूद नहीं था। रात करीब 12 बजे पीड़िता ने जबरन दरवाजा खोले जाने की आवाज सुनी। इसके बाद आरोपी कमलेंदु महतो उर्फ खोका कमरे में घुस आया और उसके साथ छेड़छाड़ करने लगा। पीड़िता के अनुसार, आरोपी उसके शरीर पर चढ़ गया और उसकी साड़ी उठाकर दुष्कर्म करने का प्रयास किया। महिला ने शोर मचाया और आरोपी को अपने शरीर से हटाया। आवाज सुनकर उसकी मां कमरे में पहुंचीं, जिसके बाद आरोपी वहां से भाग गया। शोर सुनकर पड़ोसी भी मौके पर पहुंचे। पीड़िता ने उन्हें घटना की जानकारी दी। बाद में उसका भाई घर लौटा और 31 दिसंबर 1999 को पुलिस को लिखित शिकायत दी गई। इसके आधार पर चाकुलिया थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई। ट्रायल कोर्ट ने दी थी 4 साल की सजा मामले की सुनवाई घाटशिला के अतिरिक्त सत्र न्यायालय में हुई। ट्रायल कोर्ट ने 25 जुलाई 2006 को आरोपी कमलेंदु महतो को आईपीसी की धारा 376/511 के तहत दोषी ठहराया था। इसके बाद 28 जुलाई 2006 को चार वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई। इस फैसले के खिलाफ आरोपी ने हाईकोर्ट में आपराधिक अपील दाखिल की। हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान घटना की परिस्थितियों और गवाहों के बयानों का परीक्षण किया। अदालत ने माना कि आरोपी का महिला के घर में रात के समय घुसना और उसकी लज्जा भंग करने के इरादे से हमला करना गंभीर अपराध है। हालांकि दुष्कर्म के प्रयास के लिए आवश्यक प्रत्यक्ष और निर्णायक कृत्य के मानक पूरे नहीं होते। इसी आधार पर अदालत ने दोषसिद्धि को धारा 354 के अपराध तक सीमित किया और 8 माह की सजा को मामले के लिए पर्याप्त माना। —————- ये खबर भी पढ़िए… सुप्रीम कोर्ट ने इलाहाबाद HC के फैसले को रद्द किया:शामली के रेप के आरोपी को जमानत दी थी, SC ने कहा- अपराध जघन्य, समाज को झकझोरने वाला शामली की नाबालिग लड़की से रेप और यौन उत्पीड़न के आरोपी को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 8 महीने पहले जमानत दे दी थी। अब सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। सुप्रीम कोर्ट ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के जमानत आदेश को रद्द करते हुए कड़ी टिप्पणी की है। कहा कि यह आदेश अनुचित, तर्कहीन और प्रासंगिक तथ्यों की अनदेखी करने वाला है। जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस आर. महादेवन की बेंच ने कहा कि निचली अदालतों को जमानत पर विचार करते समय अपराध की प्रकृति और गंभीरता को देखना चाहिए। अदालत ने स्पष्ट किया कि केवल चार्जशीट दाखिल हो जाने से जमानत पर विचार रोका नहीं जा सकता, लेकिन पॉक्सो जैसे कानूनों में वैधानिक कठोरता को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। पूरी खबर पढ़िए

Author

poltix_INS_admin

Follow Me
Other Articles
Previous

दिल्ली हादसे में यूपी के दो छात्रों की मौत:परिवार ने बेटे अभिषेक की आंखें दान कीं; पवन की मां बोली- अफसर बनने भेजा था, लाश वापस मिली

Next

‘महिला के घर में घुसना,कपड़े उठाना रेप की कोशिश नहीं’:झारखंड हाईकोर्ट ने आरोपी को दी राहत; कहा- 4 साल नहीं 8 महीने की सजा पर्याप्त

No Comment! Be the first one.

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हाल की खबरें

  • SIR में छूटे और नए मतदाताओं के नाम जोड़े जाएंगे:चुनाव आयोग 20 राज्यों में विशेष अभियान चलाएगा; महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा 2 करोड़ नाम कटे हैं
  • ओवैसी बोले- SIR एक तरह से बैकडोर NRC है:सरकार नागरिकता की जांच में यही प्रोसेस अपनाएगी
  • महाराष्ट्र के अमरावती में ट्रक-पिकअप वैन की टक्कर, 7 मौतें:18 घायल; समृद्धि हाईवे पर हादसा, देवी दुर्गा की प्रतिमा लेकर जा रहे थे लोग
  • महाराष्ट्र के अमरावती में ट्रक-पिकअप वैन की टक्कर, 7 मौतें:18 घायल; समृद्धि हाईवे पर हादसा, देवी दुर्गा की प्रतिमा लेकर जा रहे थे लोग
  • महात्मा गांधी की 157वीं जयंती आज:पीएम मोदी श्रद्धांजलि देने राजघाट जाएंगे; पिछली बार राहुल नहीं पहुंचे थे

हाल की टिप्पणियाँ

No comments to show.

समाचार संग्रह

  • October 2026
  • September 2026
  • August 2026
  • July 2026

श्रेणियाँ

  • Uncategorized
  • खेल

Contact Us:

Address:
267/463 SEC-26, PRATAP NAGAR,
SANGANER, JAIPUR,
RAJASTHAN - 302033

Phone: +91 99296 80280
Email: info@poltixinsight.com

About US:

Poltix Insight is an independent digital news platform delivering accurate, unbiased coverage of Indian politics, governance, elections, economy, and current affairs with reliable reporting and in-depth analysis.

Copyright 2026 — Poltix Insight. All rights reserved. Blogsy WordPress Theme