हरियाणा के एक युवक की अमेरिका के टेक्सास शहर में फूड स्टोर में लगी आग में जिंदा जलकर मौत हो गई। इस हादसे में पंजाब के मोहाली निवासी स्टोर मालिक विक्रांत की भी मौत हो गई। जिस समय आग लगी, उस वक्त युवक और स्टोर मालिक दोनों अंदर सो रहे थे। टेक्सास पुलिस के अनुसार, आग इतनी तेजी से फैली कि दोनों को बाहर निकलने का मौका ही नहीं मिला। जब तक आग पर काबू पाया गया, तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी और पूरा स्टोर भी जलकर खाक हो गया। हालांकि, आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। मृतक की पहचान करनाल के गंगाटेहड़ी गांव निवासी सुखविंद्र सिंह (22) के रूप में हुई है। वह परिवार का इकलौता बेटा था। परिजनों ने करीब 50 लाख रुपए खर्च कर उसे डंकी रूट के जरिए अमेरिका भेजा था। युवक सुखविंद्र के करनाल से अमेरिका तक के सफर की कहानी… सुखविंद्र की मौत के बाद सोशल मीडिया पर डाली गई पोस्ट… इकलौते बेटे की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़ उधर, इस घटना की खबर मिलते ही गांव और परिवार में मातम छा गया। हर कोई परिवार को सांत्वना देने के लिए पहुंच रहा है। सुखविंद्र सिंह अपने परिवार का इकलौता बेटा था और उसकी दो बहनें हैं, जिनमें से एक की शादी हो चुकी है। उसके पिता शीशपाल खेतीबाड़ी करते हैं। बेटे की मौत की खबर सुनकर परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पिता बोले- बेटे को समझाया था, मत जा पिता शीशपाल का कहना है कि सुखविंद्र तीन साल पहले अमेरिका में गया था, जिसके लिए पौने एकड़ जमीन भी बेची थी। मैं बेटे को समझाता था कि मत जा, लेकिन वह घर के हालात सुधारना चाहता था। कहता था अगर वहां पर चला गया और सेटल हो जाएगा। पिता ने बताया कि स्टोर मालिक विक्रांत के साथ सुखविंद्र की अच्छी बनती थी। वे दोनों मिल जुलकर काम करते थे। आज हमसे मिलने समाजसेवी रणबीर लोहान आए थे। उन्होंने आश्वस्त किया है कि हम पूरा प्रयास करेंगे कि बॉडी को भारत लेकर आ सके, ताकि यहां पर उसका दाह संस्कार हो सके। अगर बॉडी यहां पर नहीं आ सकी तो अमेरिका में ही विधि अनुसार दाह संस्कार किया जाएगा। बचने के लिए बाथरूम में गए थे दोनों रणबीर लोहान ने बताया कि उनकी अमेरिका में सुखविंद्र के साथियों से बात हुई है। उन्होंने जानकारी दी कि आग लगने के बाद दोनों ने अपनी जान बचाने के लिए काफी प्रयास किए। बचने के लिए वे बाथरूम में भी घुसे, लेकिन आग वहां तक भी पहुंच गई। बाद में अमेरिकी पुलिस को दोनों के शव बाथरूम में मिले। विक्रांत के शव की पहचान उसके भाई ने की, जबकि सुखविंद्र का शव पूरी तरह जल जाने के कारण उसकी पहचान डीएनए के जरिए ही हो सकेगी। शव को भारत लाने में 8 से 10 दिन लगेंगे
रणबीर लोहान ने बताया कि सुखविंद्र का शव बुरी तरह से जल चुका है, इसलिए उसे भारत लाने में करीब 8 से 10 दिन का समय लग सकता है। डॉक्टरों की सलाह के बाद ही शव भारत लाया जाएगा। अगर शव लाने की स्थिति नहीं बनती है, तो सुखविंद्र का अंतिम संस्कार अमेरिका में कैलिफोर्निया के फ्रेस्नो शहर में किया जाएगा। विक्रांत सुखविंद्र को बेटे जैसा मानता था
लोहान ने बताया कि स्टोर की पूरी जिम्मेदारी विक्रांत ने सुखविंद्र को सौंप रखी थी। वह कई-कई महीनों में ही स्टोर पर आता था और सुखविंद्र पर उसे पूरा भरोसा था। वह सुखविंद्र को अपने बेटे जैसा मानता था।
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ये खबर भी पढ़ें… अमेरिका से भारत पहुंचा करनाल के युवक का शव:पिता ने नम आखों से दी मुखाग्नि, सड़क हादसे में हुई थी मौत, जमीन गिरवी रखकर गया डेढ़ साल पहले हरियाणा में करनाल के घोघड़ीपुर गांव के एक 20 वर्षीय युवक की अमेरिका सड़क हादसे में मौत के बाद उसका शव वीरवार देर रात को अमेरिका से भारत लाया गया। आज सुबह उसका शव को दिल्ली एयरपोर्ट से एंबुलेंस के जरिए उनके पैतृक गांव लाया गया। आर्यन का शव जब घर पर पहुंचा तो उसकी मां व उसकी बड़ी बहन दोनों ही बेहोश हो गई। (पूरी खबर पढ़ें)
